Monday, 18 February 2013

हिस्टीरिया के निदान हेतु यह उपाय करे


हिस्टीरिया के निदान हेतु यह उपाय करे

> काले मुँहवाले लंगूर की लीद इकट्ठी करके उसे छाया में सुखाकर उसका पाउडर बना लें। जब रोगी को हिस्टीरिया का दौरा पड़े तब उसके मुँह से झाग-फेन आदि ठीक से साफ करके चवन्नी भर (2.5 ग्राम) पाउडर में आठ से दस ग्राम तक अदरक का रस मिलाकर उसके गले में उतार दें। दूसरे दिन ठीक उसी समय रोगी को दौरा पड़े या न पड़े, यही उपचार फिर से करें। ऐसा निरंतर पाँच दिन तक करने से हिस्टीरिया में लाभ होता है।

> मिर्गी रोगी को २५० ग्राम बकरी के दूध में ५० ग्राम मेंहदी के पत्तों का रस मिलाकर नित्य प्रात: दो सप्ताह तक पीने से दौरे बंद हो जाते हैं। जरूर आजमाएं।



चेतावनीः हिस्टीरिया व मिर्गी(Epilepsy) की ऐलोपैथिक दवाइयों लम्बे समय तक रहने से दिमाग के ज्ञानतंतु स्तब्ध एवं सुन्न होने की संभावना रहती है। 


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